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मंगलाष्टक मराठी लिरिक्स - Mangalashtak Lyrics In Marathi

मंगलाष्टक मराठी लिरिक्स स्वस्ति श्री गणनायकं गजमुखं, मोरेश्वरं सिद्धिदं  बल्लाळो मुरुडं विनायकमहं, चिन्तामणि स्थेवरं लेण्याद्रिं गिरिजात्मकं सुरवरदं, विघ्नेश्वरम् ओज़रम् ग्रामे रांजण संस्थितम् गणपतिः, कुर्यात् सदा मङ्गलं गंगा सिंधु सरस्वती च यमुना, गोदावरी नर्मदा कावेरी शरयू महेंद्रतनया शर्मण्वती वेदिका क्षिप्रा वेत्रवती महासुर नदी, ख्याता गया गंडकी पूर्णा पूर्ण जलैः समुद्र सरिता, कुर्यातसदा मंगलम राजा भीमक रुख्मिणीस नयनी, देखोनी चिंता करी ही कन्या सगुणा वरा नृपवरा, कवणासि म्यां देईजे आतां एक विचार कृष्ण नवरा, त्यासी समर्पू म्हणे रुख्मी पुत्र वडील त्यासि पुसणे, कुर्यात सदा मंगलम लाभो संतति संपदा बहु तुम्हां, लाभोतही सद्गुण साधोनि स्थिर कर्मयोग अपुल्या, व्हा बांधवां भूषण सारे राष्ट्र्धुरीण हेचि कथिती कीर्ती करा उज्ज्वल गा गार्हस्थाश्रम हा तुम्हां वधुवऱां देवो सदा मंगलम लक्ष्मी कौस्तुभ पारिजातक सुरा धन्वंतरिश्चंद्रमाः ॥ गावः कामदुधा सुरेश्वर गजो रंभादिदेवांगनाः ॥ अश्वः सप्त मुखोद्विष हरिधनुं शंखोऽमृतं चांबुधे ॥ रत्नानीह चतुर्दश प्रतिदीने कुत्रंतुवोमँगलं ॥ कुर्या सदा मंगलम शुभ मंगल सा...

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